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Publication date 13 सित. 2026

वह तुम्हारे प्रति सब्र दिखाता है। वह नहीं चाहता किसी का नाश हो, बल्कि हर शख़्स पश्चाताप करे।

Publication date 13 सित. 2026

कॅमरॉन और मुझे ‘द चोज़न’ सीरीज़ देखना बहुत पसंद है। कुछ दिन पहले मैं इस सीरीज़ की दोनों मरियमों के बारे में सोच रही थी।

एक थीं मरियम मगदलीनी। सीरीज़ की शुरुआत से ही हमें उनकी गुज़री हुई ज़िंदगी के बारे में पता चलता है कि उसका अतीत कैसा था और वह एक वेश्या थीं। दूसरी थीं मरियम, यीशु मसीह की माँ। उसके बारे में हम जानते हैं कि वह एक ख़ुदा से डरने वाली, पाक और ईमानदार लड़की थीं। जब उसने यीशु मसीह को जन्म दिया, तब तक वह कुँवारी थीं।

क्या ही बड़ा फ़र्क़ था।

फ़िर भी, इन दोनों को यीशु मसीह की ज़रूरत थी। दोनों को एक उद्धार देने वाले की ज़रूरत थी, क्योंकि दोनों ग़ुनहगार थीं। दोनों को बचाने के लिए ख़ुदा के फ़ज़्ल की उतनी ही ज़रूरत थी।

उद्धार सिर्फ़ कुछ लोगों के लिए दिया गया बुलावा नहीं है। यह ख़ुदा के बड़े दिल की झलक है।

पतरस लिखता है,

*"ख़ुदावंद... तुम्हारे बारे में सब्र करता है। वह यह नहीं चाहता, किसी का भी नाश हो, बल्कि यह चाहता है कि हर कोई पश्चाताप करे।" २ पतरस ३:९

यही ख़ुदा का दिल है। वह लोगों को बचाना चाहता है। वह उन्हें पुनर्स्थापित करना चाहता है। वह उनके साथ रिश्ता रखना चाहता है।

मैं एक मसीही परिवार में पली-बढ़ी, इसलिए मैंने बहुत छोटी उम्र में ही यीशु मसीह पर अपना ईमान रखा। लेकिन उस पल के बाद भी मुझे बहुत लंबा सफ़र तय करना था। मैं भटक गई थी, मैंने सवाल किए, मैंने सीखा और वक़्त के साथ मेरा ईमान और मज़बूत होता गया। ऐसे भी दौर आए जब मैं दुनिया की चीज़ों की ओर खिंचती गई या समाज में अपनी जगह तलाशने की कोशिश करती रही।

लेकिन मैं जिन-जिन दौरों से गुज़री, हर बार यीशु मसीह ने मेरा पीछा करना नहीं छोड़ा। उसने मुझे बार-बार याद दिलाया, "मैंने तुझे बचाया है। तू मेरी है।"

मुझे विलियम जे ऑफ़ बाथ का यह लेख बहुत पसंद है:

"मेरी याददाश्त कमज़ोर पड़ रही है, लेकिन दो बातें मैं कभी नहीं भूलूँगा। पहली, कि मैं एक बड़ा ग़ुनहगार हूँ। और दूसरी, कि यीशु मसीह अज़ीम उद्धार देने वाला है।"

अगर आज आप उससे दूर हैं, तो यह बात सुने। वह आपको चाहता है। उद्धार का ख़याल उसी का था। पहल भी उसी ने की। और यह उसका तोहफ़ा है।

और हम, जो ईमान रखते हैं, एक दिन आसमान पर यही ऐलान सुनेंगे: "उद्धार हमारे ख़ुदा से है!" 

आज के चमत्कार का प्रोस्ताहन यह है कि हमारी ज़िंदगी... चाहे हमारी कहानी कैसी भी क्यों न हो... उसका मक़सद सिर्फ़ यीशु मसीह हो सकता है!

आओ, मिलकर दुआ करें।

यीशु मसीह, मेरा पीछा कभी न छोड़ने के लिए तेरा शुक्रिया। तेरे सब्र और तेरी मोहब्बत के लिए तेरा शुक्रिया। मेरी ज़िंदगी को इस तरह इस्तेमाल कर कि लोग तेरे दिल को पहचान सकें। मुझे हिम्मत और रहमदिली के साथ उद्धार की उम्मीद दूसरों तक पहुँचाने में मदद कर। आमीन।

आप एक चमत्कार हैं।

Jenny Mendes
Author

Purpose-driven voice, creator and storyteller with a passion for discipleship and a deep love for Jesus and India.