ख़ुदा आपके दिल को देखता है।
क्या आप कभी अपनी शक्ल-सूरत को लेकर फ़िक्र करते हैं?
मुझे नई-नई फैशन ट्रेंड्स को फॉलो करना पसंद है और मैं हमेशा अच्छा दिखने की कोशिश करता हूँ, ख़ासकर जब मैं मंच पर होता हूँ। इसका श्रेय मैं अपनी माँ और उनकी ईस्ट इंडियन, कॅथोलिक विरासत को देता हूँ। वह हमेशा हमसे कहती थीं कि कलीसिया जाते वक़्त अपने सबसे अच्छे कपड़े पहनना है। वह अलमारी से अपने सबसे ख़ूबसूरत लिबाज़ और अच्छें ज़ेवर पहनकर कहतीं थी, “मैं राजा की बेटी हूँ, इसलिए मैं राजकुमारी जैसे दिखना चाहती हूँ।”
दूसरी ओर कुछ मसीही, सादगी के कपड़े पहनकर ख़ुदा की इबादत करते हैं। उनका मानना है कि महिलाओं को गहने नहीं पहनने चाहिए और सादा, संकोची पहनावा ही ख़ुदा को आदर देता है (१ पतरस ३:३ के आधार पर)।
मुझे नहीं लगता कि इनमें से कोई एक दूसरे से बेहतर है। आख़िरकार, जो सबसे ज़्यादा मायने रखता है, वह है दिल। और यही वह चीज़ है जिसे ख़ुदा देखता है:
*”लेकिन ख़ुदावंद ने शमूएल से कहा, “उसके बाहरी रूप या कद को न देख, क्योंकि मैंने उसे ठुकरा दिया है। ख़ुदावंद वह नहीं देखता जो इंसान देखता है। इंसान तो बाहर का रूप देखता है, पर ख़ुदावंद दिल को देखता है।” — १ शमूएल १६:७ HINOVBSI
लोग हमारे बाहरी रूप को देखते हैं, लेकिन ख़ुदा हमारे दिल को देखता है। मुझे यह बात बहुत पसंद है।
आपका दिल आपकी नीयतों, आपके डर, आपकी ख़ामोश दुआओं और उन सवालों को भी संभाले हुए है जिन्हें आप ज़ोर से पूछने से डरते हैं। और ख़ुदा यह सब देखता है, आपको दोषी ठहराने के लिए नहीं, बल्कि आपको जागरूक करने के लिए।
दाऊद ने यह दुआ की:
*“ऐ ख़ुदा, मुझे जाँच और मेरे दिल को जान; मुझे परख और मेरे बेचैन ख़यालों को पहचान। देख कि मुझ में कोई ग़लत या बुरी बात तो नहीं और मुझे अनंतकाल की मज़िल को ओर ले चल।” — भजन संहिता १३९:२३-२४ HINOVBSI
आज ख़ुदा को इजाज़त दे, कि वह आपके दिल को जाँचे और आपको देखे। दाऊद की तरह, ख़ुदा से कहे कि वह आपके अंदर की हर ग़लत बात ज़ाहिर करे और आप उन्हें उसके हवाले कर दें।
ख़ुदा न सिर्फ़ आपके दिल को देखता है, बल्कि वह उसे शुद्ध भी करना चाहता है, यीशु मसीह की मोहब्बत के ज़रिए।